Tip Of The Day: गर्मियों में पशुओं को सही समय पर नहलाना ही बचाएगा उनकी जान! जानें जरूरी सावधानियां

Animal Bathing Tips: जानवरों को स्वस्थ और ऊर्जावान बनाए रखने के लिए उनके नहलाने का सही समय और तरीका जानना बेहद जरूरी है. मौसम के अनुसार स्नान के समय का ध्यान रखना, पानी का तापमान सही रखना और संवेदनशील अंगों की सुरक्षा करना पशुओं को ‘लू’, गलाघोंटू या त्वचा संबंधी समस्याओं से बचाता है.

Isha Gupta
नोएडा | Published: 1 Mar, 2026 | 07:18 PM

Dairy Farming Tips: जैसे-जैसे सर्दी का मौसम धीरे-धीरे खत्म हो रहा है और गर्मी का आगाज हो रहा है, पालतू और घर के पशुओं की देखभाल और भी जरूरी हो जाती है. पशु चिकित्सक कुंवर घनश्याम (KVK Noida) के अनुसार तेज धूप और बढ़ती गर्मी से पशुओं को गर्मी से राहत दिलाने के लिए नहलाना आवश्यक है, लेकिन समय और सावधानियां नहीं अपनाने से जानवरों को नुकसान भी हो सकता है.

गर्मियों में पशुओं को दिन में दो बार स्नान कराना लाभकारी होता है. वहीं, सर्दियों में जब तेज धूप निकले तभी स्नान कराना चाहिए. इससे शरीर पर लगे कीटाणु और गंदगी साफ होती है, और जानवर ठंड और गर्मी दोनों से सुरक्षित रहते हैं.

दोपहर में स्नान न कराएं

पशु चिकित्सक कुंवर घनश्याम (KVK Noida) की माने तो, गर्मियों में दोपहर का समय जानवरों के लिए खतरनाक हो सकता है. इस दौरान सीधी धूप या अधिक ठंडा पानी उनके लिए नुकसानदेह हो सकता है. दोपहर में स्नान कराने से ‘गलाघोंटू’ जैसी बीमारी या लू लगने का खतरा बढ़ जाता है. इसलिए गर्मी में स्नान सुबह और शाम के समय ही कराना सबसे सुरक्षित रहता है.

संवेदनशील अंगों की सुरक्षा जरूरी

पशुओं को नहलाते समय उनके आंख, कान और नाक पर विशेष ध्यान दें. इनमें सीधे पानी या इंसानी शैम्पू का उपयोग न करें. पालतू जानवरों के लिए खास पेट शैम्पू का ही इस्तेमाल करें. नहलाने से पहले उनके बालों को अच्छी तरह ब्रश करें और नहाने के बाद पूरी तरह सुखाएं, ताकि त्वचा संबंधी समस्याएं और ठंड लगने की संभावना कम हो. नहाने के बाद जानवर को सीधे तेज हवा, एसी या कूलर के सामने न रखें.

अगर पशु के शरीर पर घाव, फोड़ा या संक्रमण है, तो बिना चिकित्सक की सलाह के स्नान न कराएं. सही तकनीक और समय के साथ स्नान कराने पर ही आपके पशु स्वस्थ, ऊर्जावान और खुशहाल रहेंगे.

पानी और तापमान का ध्यान

गर्मी में हमेशा सामान्य पानी का उपयोग करें, जबकि सर्दी के समय गुनगुना पानी सबसे सुरक्षित रहता है. पानी का तापमान संतुलित रखने से पशु ठंड या गर्मी से प्रभावित नहीं होंगे और उनकी त्वचा भी स्वस्थ बनी रहेगी.

नियमित देखभाल के साथ ही समय पर स्नान और सावधानियों का पालन करने से पशुओं की सामान्य बीमारियों और संक्रमण से सुरक्षा संभव होती है. इससे उनका वजन, दूध उत्पादन और ऊर्जा स्तर भी बेहतर बना रहता है. यदि आप इन आसान तरीकों और सावधानियों को अपनाते हैं, तो आपका पशु न केवल गर्मी में स्वस्थ रहेगा बल्कि लंबे समय तक ऊर्जावान और रोग-मुक्त भी रहेगा.

 

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