किसानों के समर्थन में उतरे दुष्यंत चौटाला, कहा- मंडियों में व्यवस्था बहुत खराब.. MSP पर नहीं हो रही खरीदी

हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने आज फरीदाबाद की मोहना मंडी में किसानों से बातचीत की. उन्होंने कहा कि मंडी में गेहूं की खरीद आज ही शुरू हुई, जबकि सीएम सैनी 1 तारीख से खरीद शुरू होने का दावा कर रहे थे. उन्होंने कहा कि मौसम की बदलती स्थिति से गेहूं की चमक कमजोर हुई है, लेकिन सरकार किसानों को राहत देने की बजाय उनके दाम घटा रही है.

Kisan India
नोएडा | Updated On: 6 Apr, 2026 | 05:46 PM

Haryana News: बारिश और ओलावृष्टि से हुई फसल बर्बादी के बीच हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला और हिसार से कांग्रेस सांसद जय प्रकाश किसानों के समर्थन में उतर आए हैं. दुष्यंत चौटाला ने आरोप लगाता हुए कहा कि भाजपा की ‘डबल इंजन’ सरकार में किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है, जिससे वे परेशान और असहाय हैं. उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझकर कृषि और मंडी व्यवस्था को कमजोर करने का काम कर रही है. प्रशासनिक लापरवाही के कारण पूरी तरह पक चुकी फसलें खेतों में पड़ी हैं और राज्य भर की मंडियों में पिछले चार दिनों से गेहूं की खरीद बहुत कम हुई है. चौटाला ने कहा कि जहां खरीद हुई भी है, वहां किसानों को नए खरीद सिस्टम के नाम पर परेशान किया जा रहा है. साथ ही उन्होंने कहा कि किसानों से मंडियों में MSP पर उपज की खरीद नहीं की जा रही है.

हालिया खराब मौसम का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि किसान अपनी गेहूं और सरसों  की फसल तुरंत बेचना चाहते हैं, लेकिन मंडियों में ठीक से इंतजाम न होने के कारण उन्हें परेशानी हो रही है. दुष्यंत चौटाला ने कहा कि किसानों को मंडियों में लाते समय नमी सीमा, जांच प्रक्रियाएं, गेट पास और बायोमेट्रिक थंब ऑथेंटिकेशन जैसी जटिल प्रक्रियाओं का सामना करना पड़ रहा है. चौटाला ने कहा कि किसानों को पूरा MSP नहीं मिल रहा, क्योंकि अधिक नमी के नाम पर कटौती की जा रही है और सरकार उनकी दिक्कतों के प्रति उदासीन दिख रही है. वहीं, आज दुष्यंत चौटाला ने फरीदाबाद की मोहना मंडी में किसान से बातचीत भी की.

कांग्रेस सांसद जय प्रकाश ने उठाए सवाल

वहीं, कांग्रेस सांसद जय प्रकाश ने राज्य सरकार पर किसानों की उपेक्षा का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि पिछले मॉनसून में हुई बारिश के कारण हिसार, भिवानी और अन्य जिलों के खेतों में पानी जमा है, जिससे किसान रबी फसल की बुवाई  नहीं कर पाए. सांसद ने कहा कि इन जिलों के किसान पिछले साल से मौसम की मार झेल रहे हैं. उन्होंने कहा कि पिछले साल इन जिलों में भारी बारिश के चलते धान की फसल चौपट हो गई थी. फिर खेतों में जलभराव के कारण रबी की बुवाई नहीं कर पाए. अब उन्हें अगली फसल के लिए भी खतरा दिख रहा है.

किसानों के लिए राहत के कोई उपाय नहीं किए गए

द ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, जय प्रकाश ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों के लिए राहत के कोई उपाय नहीं किए और न ही पानी निकासी के उचित इंतजाम किए. हाल की बारिश और ओलावृष्टि से रबी की पक चुकी फसल को भी नुकसान हुआ है. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यह मुद्दा हल नहीं हुआ, तो वह इसे 16 अप्रैल को प्रस्तावित विशेष विधानसभा सत्र में उठाएंगे. सांसद ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार ने न तो विशेष गिरदावरी कराई और न ही नुकसान का मुआवजा शुरू किया. मुआवजे का पोर्टल लंबे समय तक बंद रहा, जिससे किसान शिकायत दर्ज  नहीं कर पा रहे हैं.

ओलावृष्टि से सरसों और गेहूं की फसल को भारी नुकसान

जय प्रकाश ने कहा कि बारिश और ओलावृष्टि से सरसों और गेहूं की फसल को भारी नुकसान हुआ है, लेकिन सरकार इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं ले रही है. उन्होंने कहा कि गेहूं की खरीद 1 अप्रैल से शुरू करने की घोषणा के बावजूद खरीद केंद्रों में अभी तक सही इंतजाम नहीं हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को वाहन नंबर प्लेट जैसी गैरजरूरी शर्तों और निर्देशों से भ्रमित किया जा रहा है.

Get Latest   Farming Tips ,  Crop Updates ,  Government Schemes ,  Agri News ,  Market Rates ,  Weather Alerts ,  Equipment Reviews and  Organic Farming News  only on KisanIndia.in

Published: 6 Apr, 2026 | 05:42 PM

लेटेस्ट न्यूज़