महाराष्ट्र सरकार ने अगस्त से अक्टूबर 2025 तक बारिश और बाढ़ से पीड़ित किसानों के नुकसान की भरपाई के लिए 15,661 करोड़ रुपये जारी किए हैं. महाराष्ट्र के मंत्री मकरंद पाटिल ने विधानसभा में कहा कि राज्य के बाढ़ पीड़ित किसानों, मछुआरों और ग्रामीणों को राहत राशि का वितरण किया जा चुका है. उन्होंने कहा कि सरकार पीड़ितों के साथ खड़ी है और अभी लगभग 15 हजार करोड़ राशि पीड़ितों को और भेजने की प्रक्रिया चल रही है. उन्होंने कहा कि किसानों की उपज को सही दाम मिले इसकी व्यवस्था भी की गई है.
99 लाख किसानों और मछुआरों के खाते में भेजी गई राशि
महाराष्ट्र राहत और पुनर्वास मंत्री मकरंद पाटिल ने कहा कि राज्य सरकार ने वर्ष 2025 की भारी बारिश और बाढ़ से प्रभावित किसानों और मछुआरों को बड़ी राहत दी है. राज्य सरकार ने 99 लाख पात्र लाभार्थियों के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए 15 हजार 661 करोड़ रुपये की सहायता राशि जारी की है.
मुख्यमंत्री के निर्देश पर सर्वे के बाद जारी की गई राशि
मंत्री मकरंद पाटिल ने विधानसभा में कहा कि देवेंद्र फडणवीस के निर्देश के बाद बाढ़ पीड़ित इलाकों के सर्वे किया गया है. इसके बाद यह राहत राशि उन किसानों और मछुआरों को दी गई है, जिनकी फसलें, मकान, मवेशी और सूखी मछली का स्टॉक बाढ़ से प्रभावित हुआ था. उन्होंने कहा कि पीड़ित किसानों और ग्रामीणों के साथ सरकार मजबूती के साथ खड़ी है.
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राहत पैकेज में 31,252 करोड़ राशि मंजूर
विधानसभा में राहत पैकेज के क्रियान्वयन को लेकर कई विधायकों ने सवाल उठाए. सदस्यों ने ईकेवाईसी, आधार लिंकिंग और दस्तावेजी प्रक्रियाओं में आई दिक्कतों के कारण कुछ किसानों को राहत न मिलने की शिकायतें भी दर्ज कराईं. मंत्री मकरंद पाटिल ने स्पष्ट किया कि कुल 31 हजार 252 करोड़ रुपये के राहत पैकेज में से अब तक 15 हजार 661 करोड़ रुपये की राशि 99 लाख पात्र लाभार्थियों को वितरित की जा चुकी है.
15 हजार करोड़ रुपये और वितरित होंगे
मंत्री ने कहा कि सरकार बाकी पात्र लोगों तक भी सहायता पहुंचाने के लिए प्रक्रिया को और सरल बनाने पर काम कर रही है. उन्होंने कहा कि अक्टूबर 2025 के बाद जनवरी 2026 में भी कुछ हिस्सों में बारिश की वजह से फसलों को नुकसान पहुंचा है. ऐसे प्रभावित किसानों की फसलों के नुकसान का आकलन किया जा रहा है. इसके बाद राहत पैकेज से बची करीब 15 हजार करोड़ की राशि का भी वितरण किया जाएगा.