प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM-KISAN) योजना की 22वीं किस्त जारी किए जाने के बाद किसान अब 23वीं किस्त का इंतजार कर रहे हैं. इसी बीच केंद्र सरकार ने पीएम किसान को लेकर बड़ी जानकारी दी है. कृषि और किसान कल्याण राज्य मंत्री रामनाथ ठाकुर ने लोकसभा में लिखित जवाब में कहा है कि इस योजना के तहत फरवरी 2019 से अब तक किसानों को 4.27 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि दी जा चुकी है. इस योजना में योग्य किसानों को सालाना 6,000 रुपये की मदद सीधे उनके आधार से जुड़े बैंक खातों में तीन किस्तों में भेजी जाती है. अभी तक कुल 22 किस्तें जारी हो चुकी हैं.
उन्होंने कहा कि 19 नवंबर 2025 को जारी 21वीं किस्त में करीब 9.35 करोड़ किसानों को पैसा मिला, जिससे साफ है कि यह योजना देशभर में बड़े स्तर पर किसानों तक पहुंच रही है. रामनाथ ठाकुर ने कहा कि कई अध्ययनों के अनुसार, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM-KISAN) से किसानों की आय बढ़ाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिली है. 2019 में अंतरराष्ट्रीय खाद्य नीति अनुसंधान संस्थान (IFPRI) की एक स्टडी में पाया गया कि इस योजना से किसानों को कर्ज की समस्या कम हुई, वे खेती में ज्यादा निवेश कर पाए और समझदारी से जोखिम लेने में सक्षम हुए.
किसान कहां करते हैं योजना की राशि का इस्तेमाल
किसान कॉल सेंटर से मिले फीडबैक के मुताबिक, 93 फीसदी से ज्यादा किसान इस पैसे का इस्तेमाल खेती से जुड़े कामों में करते हैं. वहीं NITI Aayog के विकास निगरानी और मूल्यांकन कार्यालय (DMEO) की रिपोर्ट के अनुसार, 92 फीसदी से अधिक किसान इस सहायता राशि को बीज, खाद और कीटनाशक जैसी जरूरी चीजों पर खर्च करते हैं. करीब 85 फीसदी किसानों ने बताया कि उनकी खेती से होने वाली आमदनी बढ़ी है और मुश्किल समय या फसल खराब होने पर उन्हें महंगे कर्ज पर कम निर्भर रहना पड़ता है.
किसानों के लिए उपलब्ध हैं ये सुविधाएं
स्टडी में यह भी सामने आया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM-KISAN) सिर्फ किसानों की मदद ही नहीं करती, बल्कि गरीबी कम करने, खाद्य सुरक्षा बढ़ाने और सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता लाने जैसे बड़े लक्ष्यों को भी सपोर्ट करती है. सरकार ने इस योजना को और आसान और पारदर्शी बनाने के लिए कई डिजिटल सुविधाएं शुरू की हैं. PM-KISAN पोर्टल पर ‘Farmers Corner’ नाम का सेक्शन है, जहां किसान अपनी स्थिति, पात्रता और किस्त की जानकारी आसानी से देख सकते हैं. इसके अलावा, Common Service Centres (CSC) के जरिए भी ये सेवाएं मिलती हैं.
किसानों के लिए AI चैटबॉट शुरू किया गया
साथ ही, किसानों के सवालों का जवाब देने के लिए ‘Kisan e-Mitra’ नाम का वॉइस-बेस्ड AI चैटबॉट शुरू किया गया है. यह 11 भाषाओं में 24 घंटे उपलब्ध रहता है और अब तक 53 लाख से ज्यादा किसानों के 95 लाख से अधिक सवालों का जवाब दे चुका है. सरकार ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (PM-KISAN) में रजिस्ट्रेशन के लिए आधार सत्यापन अनिवार्य कर दिया है और सभी भुगतान आधार आधारित सिस्टम के जरिए सीधे बैंक खातों में भेजे जाते हैं. इसके लिए राज्यों, Common Service Centres (CSC) और India Post Payments Bank के साथ मिलकर नियमित अभियान चलाए जाते हैं, ताकि किसानों के बैंक खाते आधार से जुड़े रहें.