Mandi Bhav: पंजाब के आलू किसानों को नुकसान, मंडी में नहीं मिल रहा रेट.. 4 रुपये किलो बेच रहे उपज

पटियाला जिले के नाभा के आलू किसानों ने एक निजी कंपनी पर शोषण का आरोप लगाया है. कंपनी ने 10 रुपये प्रति किलो की दर से फसल खरीदने का करार किया था, लेकिन अब केवल 4-4.50 रुपये प्रति किलो पर खरीद का प्रस्ताव दे रही है. पुलिस मामले की जांच कर रही है.

Kisan India
नोएडा | Updated On: 22 Feb, 2026 | 08:58 AM

Potato Market Rate: पंजाब के पटियाला जिले के आलू किसानों को इस बार मंडी में उचित रेट नहीं मिल रहा है. ऐसे में उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है. खासकर नाभा के किसानों को कुछ ज्यादा ही मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. यहां के किसानों ने एक निजी कंपनी पर शोषण का आरोप लगाया है. किसानों का कहना है कि कंपनी से अनुबंध पर आलू की खेती की थी. तब कंपनी ने कॉन्ट्रैक्ट में कहा था कि किसानों से 10 रुपये आलू खरीद जाएगा. लेकिन अब कंपनी फसल खरीदने से इनकार कर रही है. ऐसे में किसान मजबूरी में 4 से 4.50 रुपये प्रति किलो के भाव में आलू बेच रहे हैं.

द ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, नाभा के करीब 30 आलू किसानों ने एक निजी कंपनी पर शोषण का आरोप लगाया है. किसानों का कहना है कि उत्तर प्रदेश की इस कंपनी ने उन्हें अपनी पसंद का बीज देकर आलू उगवाया और 10 रुपये प्रति किलो की दर से फसल खरीदने का करार किया था. लेकिन अब कंपनी फसल उठाने से इंकार कर रही है. किसानों के मुताबिक, कंपनी का स्थानीय एजेंट अब 4 से 4.50 रुपये प्रति किलो के भाव पर आलू खरीदने  का प्रस्ताव दे रहा है, जिससे उन्हें भारी नुकसान का खतरा है.

कंपनी नहीं खरीद रही पूरा आलू

नर्माना गांव के किसान निर्मल सिंह ने कहा कि उनके पास 1,200 बैग आलू के लिए करार था, लेकिन कंपनी ने पहले 600 बैग खरीदने के बाद बाकी फसल लेने से इनकार कर दिया. फम्मलवाल गांव के मल्कियत सिंह का कहना है कि कंपनी ने 52 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बीज दिया था, लेकिन अब फसल अस्वीकार कर रही है. उन्हें मजबूरी में स्थानीय दलाल को 4 से 4.50 रुपये प्रति किलो के भाव में आलू बेचने पड़ रहे हैं. बीकेयू (डाकाउंडा) के जिला नेता दलजिंदर सिंह ने कहा कि राज्य के हजारों किसानों के साथ कंपनी ने करार किया था और करीब 800 किसान अब भी अपनी फसल बेचने का इंतजार  कर रहे हैं. नाभा के DSP गुरिंदर सिंह बाल ने कहा कि पुलिस मामले की जांच कर रही है.

करीब 800 किसानों को फसल खरीद का इंतजार

वहीं, बीते दिनों भारतीय किसान यूनियन (डकौंदा) के किसान नेता दलजिंदर सिंह गुर्ना ने कहा था कि करीब 800 किसान अपनी फसल की खरीद  का इंतजार कर रहे हैं और प्रशासन से दखल देने की मांग की है. नाभा के डीएसपी गुरिंदर सिंह बाल ने पुष्टि की कि पुलिस ने जांच शुरू कर दी है. उन्होंने कहा कि कंपनी के प्रतिनिधियों से संपर्क करने की कोशिश की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.

Get Latest   Farming Tips ,  Crop Updates ,  Government Schemes ,  Agri News ,  Market Rates ,  Weather Alerts ,  Equipment Reviews and  Organic Farming News  only on KisanIndia.in

Published: 22 Feb, 2026 | 08:56 AM

आम में सबसे ज्यादा पाया जाने वाला विटामिन कौन सा है?