छत्तीसगढ़ धान घोटाला! सरकार की बड़ी कार्रवाई, 12 जिलों में 30 से अधिक अधिकारी निलंबित

खरीफ 2025-26 के धान खरीदी सीजन में अनियमितताओं पर छत्तीसगढ़ सरकार ने बड़ी कार्रवाई की है. 12 जिलों में 31 अधिकारी निलंबित हुए, कई पर एफआईआर दर्ज हुईं और मुंगेली में 14 राइस मिलें सील कर 12 हजार क्विंटल धान जब्त किया गया.

Kisan India
नोएडा | Published: 17 Jan, 2026 | 02:18 PM

Chhattisgarh News: खरीफ 2025- 26 के धान खरीदी सीजन के दौरान बड़ी अनियमितताओं के आरोप सामने आने के बाद छत्तीसगढ़ सरकार ने कड़ा कदम उठाया है. सरकार ने 12 जिलों में 31 अधिकारियों और कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है, जबकि सात अन्य के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की गई है. ये कार्रवाई दुर्ग, बेमेतरा, कबीरधाम, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, सक्ती, जगदलपुर, रायपुर, गरियाबंद, महासमुंद और बलौदाबाजार-भाटापारा जिलों में की गई है.

सरकारी बयान के मुताबिक, एक कर्मचारी को बर्खास्त किया गया है, दो को सेवा से हटाया गया है और एक को कार्यमुक्त किया गया है. वहीं, धोखाधड़ी, स्टॉक की कमी और नियमों के उल्लंघन के मामलों में तीन अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज  की गई है. जांच के दौरान फर्जी धान खरीदी, भौतिक सत्यापन में स्टॉक की कमी, घटिया गुणवत्ता का धान खरीदना, बिना आवक पर्ची के खरीदी, टोकन में गड़बड़ी, छुट्टी के दिन अवैध खरीदी, बारदाना (बोरियों) के वितरण में घोटाला और किसानों से अवैध वसूली जैसी गंभीर अनियमितताएं सामने आईं.

खरीदी केंद्रों के अधिकारियों पर कार्रवाई

द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, दुर्ग जिले में खास तौर पर कई सहकारी समिति प्रबंधकों और खरीदी केंद्रों के अधिकारियों पर कार्रवाई की गई है. जीट केंद्र के सौरभ यादव, गोढ़ी के शेखर सिंह कश्यप, खिलोरकला के देवदत्त पटेल, कनहरपुर के सेवराम पटेल सहित अन्य अधिकारियों को स्टॉक में गड़बड़ी पाए जाने के बाद निलंबित कर दिया गया है. सरकार ने साफ किया है कि किसानों के हितों से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी.

चार अधिकारियों को निलंबित किया गया

बेमेतरा जिले में घटिया गुणवत्ता का धान खरीदने  के आरोप में चार अधिकारियों को निलंबित किया गया है. वहीं, सहायक प्रबंधक उमेश कुमार साहू को फर्जी खरीदी के मामले में निलंबित करने के साथ उसके खिलाफ मामला भी दर्ज किया गया है. कबीरधाम में कुकदुर केंद्र के प्रबंधक अनिल बाजपेयी को भौतिक सत्यापन के दौरान धान की कमी पाए जाने पर निलंबित कर एफआईआर दर्ज की गई है. चपोरा में बारदाना (बोरियों) के वितरण में गड़बड़ी को लेकर खरीदी प्रभारी नरेश यादव को निलंबित किया गया है.

920 बोरी धान गायब मिलने के बाद एफआईआर दर्ज

बिलासपुर जिले में 920 बोरी धान गायब मिलने के बाद खरीदी केंद्र प्रभारी कामीराम खुंटे के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है. जांजगीर-चांपा में छुट्टी के दिन धान की आवक स्वीकार करने पर तीन कर्मचारियों को निलंबित किया गया है, जबकि टोकन में हेरफेर के आरोप में एक कंप्यूटर ऑपरेटर के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है. रायपुर जिले के नरदहरा केंद्र में पदस्थ क्लर्क-कम-ऑपरेटर राकेश जांगड़े को किसानों से अवैध वसूली के आरोप में बर्खास्त कर दिया गया है. महासमुंद में पिरधा और सिंहबहाल केंद्र प्रभारियों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है.

प्रशासन ने 14 राइस मिलों को सील कर दिया

इसके अलावा जगदलपुर, गरियाबंद और बलौदाबाजार जिलों में भी अव्यवस्थित खरीदी, नीति उल्लंघन और स्टॉक में गड़बड़ी  के मामलों में अधिकारियों पर कार्रवाई की गई है. वहीं, मुंगेली जिले में बड़े स्तर पर कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने 14 राइस मिलों को सील कर दिया और 12 हजार क्विंटल से अधिक धान जब्त किया है. यह कार्रवाई कस्टम मिलिंग में भारी अनियमितताओं के खुलासे के बाद की गई. राजस्व, पुलिस और खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने राज्य एकीकृत कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) से मिले अलर्ट के आधार पर छापेमारी की, जहां GPS के जरिए धान ढुलाई वाले वाहनों की निगरानी की जाती है.

Get Latest   Farming Tips ,  Crop Updates ,  Government Schemes ,  Agri News ,  Market Rates ,  Weather Alerts ,  Equipment Reviews and  Organic Farming News  only on KisanIndia.in

कीवी उत्पादन के मामले में देश का सबसे प्रमुख राज्य कौन सा है