Maharashtra News: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को विधानसभा में राज्य बजट 2026-27 पेश किया. बजट में कृषि, तकनीक और सामाजिक समावेशन पर विशेष ध्यान दिया गया है. फडणवीस ने कहा कि यह केवल वित्तीय विवरण नहीं, बल्कि 2027 की हमारी विकास यात्रा का एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि ग्रामीण विकास में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया जाएगा. इस योजना के तहत 75 गांवों को चुना जाएगा, जहां AI का इस्तेमाल शासन सुधारने और ग्रामीण जीवन स्तर बढ़ाने के लिए किया जाएगा. इस प्रोजेक्ट के जरिए यह परीक्षण किया जाएगा कि तकनीक गांवों के इंफ्रास्ट्रक्चर और सेवाओं को बेहतर बनाने में कैसे मदद कर सकती है. साथ ही मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बजट में घोषणा की कि पुण्यश्लोक अहिल्याबाई होलकर किसान ऋण माफी योजना के तहत 3 सितंबर 2025 तक 2 लाख रुपये तक का कर्ज माफ किया जाएगा.
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार कृषि आपूर्ति श्रृंखलाओं को मजबूत करेगी, ताकि किसान वैश्विक बाजारों तक आसानी से पहुंच सकें. इसके तहत 14-15 प्रमुख फसलों के लिए एक एकीकृत सप्लाई चेन बनाई जाएगी. राज्य में महाविस्तार AI सिस्टम भी लागू किया जाएगा, जो कृषि सेवाओं में मदद करेगा और इसमें जनजातीय भाषाओं का समावेश होगा ताकि जनजातीय किसान भी जानकारी आसानी से प्राप्त कर सकें.
गोपीनाथ मुंडे योजना के तहत कृषि मजदूरों को भी लाभ मिलेगा
फडणवीस ने कहा कि कृषि डेटा एक्सचेंज प्लेटफॉर्म और कृषि विश्वविद्यालय एग्री-स्टार्टअप्स को सपोर्ट करेंगे. उन्होंने एग्रीस्टैक योजना को राज्य में लागू करने की भी घोषणा की. उन्होंने कहा कि एक करोड़ से अधिक कृषि कार्ड तैयार किए जा चुके हैं और अब जनजातीय किसानों को भी शामिल किया जाएगा. इसके साथ ही महाराष्ट्र ऑर्गेनिक फार्मिंग योजना लागू की जाएगी. साथ ही, गोपीनाथ मुंडे योजना के तहत कृषि मजदूरों को भी लाभ मिलेगा.
ग्रामीण विकास को बढ़ावा देगी सरकार
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार मत्स्य क्षेत्र में इन्फ्रास्ट्रक्चर मजबूत करेगी और मछुआरों को समर्थन देगी. उन्होंने मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना की भी घोषणा की. इसके पहले चरण में सड़क निर्माण का काम मार्च 2026 तक पूरा किया जाएगा. बजट भाषण में तकनीक आधारित सुधार, कृषि योजनाएं और सामाजिक कार्यक्रम पेश किए गए हैं, जिनका मकसद राज्य में ग्रामीण विकास को बढ़ावा देना और आर्थिक वृद्धि सुनिश्चित करना है.
सीएम ने की नई योजनाओं की घोषणा की
बजट पेश करते हुए फडणवीस ने महाराष्ट्र को स्टार्टअप हब बताया और नई योजनाओं की घोषणा की. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र भारत की स्टार्टअप राजधानी है और यहां सबसे पहले यूनिकॉर्न कंपनियां भी बनी हैं. उन्होंने बताया कि 50 बेहतरीन स्टार्टअप्स को बिना टेंडर के सरकारी संस्थाओं के साथ 25 लाख रुपये तक काम करने का मौका मिलेगा. साथ ही, मुख्यमंत्री ने भारत इनोवेशन रिसर्च स्टार्टअप (BIRSA) की स्थापना की भी घोषणा की.
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार सर्विस सेक्टर की आय में 9 गुना वृद्धि का लक्ष्य रख रही है. इसका मकसद GDP को 312 बिलियन डॉलर से 3000 बिलियन डॉलर तक बढ़ाना है, जिससे 30 लाख से ज्यादा नौकरियां पैदा होंगी. उन्होंने महाराष्ट्र ग्लोबल कॉम्पिटेंस सेंटर (GCC) नीति की घोषणा की, जिसके तहत 400 नए कॉम्पिटेंस सेंटर बनाए जाएंगे और 4 लाख नौकरियां सृजित होंगी. पुणे को इसके लिए सबसे पसंदीदा स्थान बताया गया.
50,000 करोड़ रुपये से अधिक निवेश आने की उम्मीद
सीएम ने माइनिंग हाइवे नेटवर्क के विकास की भी घोषणा की और गडचिरोली को नया स्टील हब बनाने की योजना बताई. इसमें 2,62,000 करोड़ रुपये का निवेश होगा और 70,000 से ज्यादा नौकरियां बड़ी स्टील इंडस्ट्रीज में सृजित होंगी. साथ ही 5 करोड़ पेड़ लगाए जाएंगे. इसके अलावा बांस उद्योग नीति की घोषणा की गई, जिसके तहत 4,271 करोड़ रुपये के विकास प्रोजेक्ट एशियन डेवलपमेंट बैंक की मदद से लागू होंगे. इसमें 50,000 करोड़ रुपये से अधिक निवेश आने की उम्मीद है और 5 लाख नौकरियां सृजित होंगी.