उत्तर भारत के मौसम में एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिलने वाला है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 22 से 25 जनवरी के बीच एक के बाद एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे, जिनका असर मैदानी इलाकों से लेकर पहाड़ी राज्यों तक साफ दिखाई देगा. इस बदलाव के चलते कई राज्यों में तेज ठंडी हवाएं चलेंगी, हल्की से मध्यम बारिश होगी और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी दर्ज की जाएगी. कोहरे और शीतलहर का असर पहले से ही बना हुआ है, जिससे सर्दी का असर और तेज हो जाएगा.
दिल्ली-एनसीआर में मौसम और प्रदूषण की दोहरी मार
दिल्ली और आसपास के इलाकों में ठंड का असर थोड़ा कम जरूर हुआ है, लेकिन प्रदूषण अभी भी बड़ी समस्या बना हुआ है. मौसम विभाग के मुताबिक 22 जनवरी से राजधानी में बादलों की आवाजाही बढ़ेगी और हल्की बारिश की संभावना बन रही है. अगर बारिश होती है तो हवा में जमी धूल और प्रदूषण कुछ हद तक साफ हो सकता है.
दिल्ली में इस दौरान न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 22 से 23 डिग्री के आसपास रह सकता है. हालांकि, ठंडी हवाएं और सुबह-शाम का कोहरा लोगों को परेशान करेगा. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुमान के अनुसार कई इलाकों में AQI 400 से ऊपर जा सकता है, जिससे सांस संबंधी दिक्कतें बनी रह सकती हैं. गाजियाबाद, नोएडा, गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी हालात लगभग ऐसे ही रहने की संभावना है.
पंजाब और हरियाणा में ठंड और बारिश का असर
पंजाब और हरियाणा में पश्चिमी विक्षोभ का असर ज्यादा स्पष्ट दिखाई देगा. मौसम विभाग का कहना है कि यहां कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जिससे ठंड और बढ़ेगी. घना कोहरा और शीतलहर सुबह और रात के समय ज्यादा असर डालेगी.
पंजाब के अमृतसर में न्यूनतम तापमान 2 से 3 डिग्री, लुधियाना और बठिंडा में 5 डिग्री के आसपास रह सकता है. हरियाणा में अंबाला, करनाल और भिवानी जैसे जिलों में न्यूनतम तापमान 5 से 8 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है. किसानों के लिए यह बारिश फसलों के लिहाज से फायदेमंद हो सकती है, लेकिन ठंड और कोहरे से सामान्य जीवन प्रभावित रहेगा.
राजस्थान में मावठ की बारिश से बढ़ेगी ठंड
राजस्थान में 22 से 24 जनवरी के बीच मावठ की बारिश होने की पूरी संभावना है. बीकानेर, जोधपुर, जयपुर, शेखावाटी और भरतपुर संभाग में बादलों की आवाजाही के साथ बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं. इसके बाद एक और पश्चिमी विक्षोभ 26 से 28 जनवरी के बीच सक्रिय हो सकता है.
बारिश के बाद राज्य में न्यूनतम और अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री की गिरावट दर्ज की जा सकती है. जयपुर में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री और अधिकतम 22 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है. कोहरा भी कई जिलों में परेशानी बढ़ा सकता है.
उत्तर प्रदेश में बारिश और शीतलहर का असर
उत्तर प्रदेश में भी 22 जनवरी के बाद मौसम बदलने वाला है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है. लखनऊ, नोएडा, गाजियाबाद, सहारनपुर और मेरठ समेत कई इलाकों में बादल छाए रहेंगे.
बारिश और ठंडी हवाओं के चलते तापमान में गिरावट आएगी और शीतलहर का असर बढ़ेगा. लखनऊ में न्यूनतम तापमान 9 से 10 डिग्री और अधिकतम 22 से 23 डिग्री रह सकता है. कोहरे की वजह से सुबह के समय यातायात प्रभावित हो सकता है.
बिहार में कोहरा, हवा और हल्की बारिश
बिहार में पश्चिमी विक्षोभ का आंशिक असर देखने को मिलेगा. कुछ जिलों में हल्की बारिश हो सकती है और 40 से 45 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से ठंडी हवाएं चल सकती हैं. पटना, गया और मुजफ्फरपुर जैसे इलाकों में कोहरे और शीतलहर का असर बना रहेगा.
पटना में न्यूनतम तापमान 11 से 12 डिग्री और अधिकतम 24 से 25 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है. मौसम खराब रहने से रेल और सड़क यातायात पर असर पड़ सकता है.
उत्तराखंड और हिमाचल में बर्फबारी का अलर्ट
उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में 22 से 25 जनवरी के बीच बारिश और बर्फबारी की संभावना है. चमोली, पिथौरागढ़, उत्तरकाशी, शिमला, मनाली और किन्नौर जैसे इलाकों में बर्फ गिर सकती है. पहाड़ी सड़कों पर फिसलन बढ़ने से यात्रा जोखिम भरी हो सकती है.
देहरादून में न्यूनतम तापमान 6 डिग्री और अधिकतम 17 डिग्री, जबकि शिमला में न्यूनतम तापमान 1 डिग्री और अधिकतम 14 डिग्री के आसपास रह सकता है.
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में सर्दी का चरम
जम्मू-कश्मीर में पश्चिमी विक्षोभ के चलते बर्फबारी का नया दौर शुरू हो सकता है. गुलमर्ग, पलगाम और सोनमर्ग जैसे इलाकों में भारी बर्फ गिरने की संभावना है. श्रीनगर में न्यूनतम तापमान माइनस 3 से माइनस 4 डिग्री तक जा सकता है.
दक्षिण भारत में भी बदलेगा मौसम
उत्तर भारत के साथ-साथ दक्षिण भारत में भी मौसम में बदलाव दिखेगा. तमिलनाडु में 25 जनवरी के बाद फिर से बारिश शुरू होने की उम्मीद है, जिससे कुछ इलाकों में ठंडक बढ़ सकती है.