Mandi Bhav: तमिलनाडु में सस्ती हुईं सब्जियां, आवक बढ़ने से मटर की कीमत में भारी गिरावट

चेन्नई के कोयंबेडु थोक बाजार में सब्जियों की अधिक आपूर्ति के कारण सर्दियों की फसलें और दालों की कीमतें ज्यादातर नियंत्रण में हैं. पोंगल से एक दिन पहले गन्ने की थोक कीमत 600 से घटकर 450 रुपये हो गई. विक्रेता मानते हैं कि आपूर्ति लगातार बनी रहेगी तो दाम स्थिर रहेंगे.

Kisan India
नोएडा | Updated On: 17 Jan, 2026 | 05:44 PM

Mandi Rates: तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में हरी सब्जियों की कीमतों में गिरावट आई है. इससे आम जनता ने राहत की सांस ली है. खासकर कोयंबेडु थोक बाजार में सब्जियों की ज्यादा आपूर्ति से कीमतें नियंत्रित हैं. इससे ग्राहक जमकर हरी सब्जियों की खरीदारी कर रहे हैं. कहा जा रहा है कि गाजर, हरी मटर, बीन्स, शिमला मिर्च, और बीन्स की कीमतें ज्यादा स्थिर हैं. वहीं, पोंगल से एक दिन पहले गन्ने की थोक कीमत में 25 फीसदी गिरावट देखी गई. मंगलवार 600 रुपये रहने के बाद बुधवार को 18 डंडी का भाव 450 रुपये हो गया. गुणवत्ता के हिसाब से गन्ना 40- 60 रुपये प्रति डंडी में भी बिका, जिससे खरीदारों को राहत मिली है.

द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, दुकानदारों का अनुमान है कि पोंगल के बाद हरी मटर  और लीमा बीन्स की कीमतें कम हो जाएंगी, क्योंकि लगातार आपूर्ति हो रही है. करीब एक हफ्ते से बाजार में मध्य प्रदेश के जबलपुर से रोजाना लगभग 12 ट्रक हरी मटर आ रही हैं, जबकि आमतौर पर 7-10 ट्रक ही आती थीं. मंगलवार को थोक में 1 किलोग्राम हरी मटर की कीमत रात 1 बजे 35 रुपये से शुरू होकर सुबह 6 बजे 28 रुपये तक गिर गई.

15 रुपये तक गिर गई कीमत

कोयम्बेडु थोक बाजार में मंगलवार को कर्नाटक और आंध्र प्रदेश से आए फील्ड बीन्स की कीमत  रात 1 बजे 30 रुपये प्रति किलो थी, जो बाद में 15 रुपये तक गिर गई. बुधवार को मांग बढ़ने के साथ हरी मटर 40 और फील्ड बीन्स 50 रुपये प्रति किलो बिकने लगी, क्योंकि अधिक ट्रक आ गए. थोक विक्रेता एस. राममोहन ने कहा कि पीक-घंटे की बिक्री के बाद ज्यादातर के पास ज्यादा स्टॉक नहीं बचा.

थोक से भी कम कीमत पर रिटेल में

पोंगल के बाद लगातार आपूर्ति होने की उम्मीद है, जिससे कीमतें स्थिर रहेंगी. कुछ दुकानों में पुराना स्टॉक बेचने के कारण थोक से भी कम कीमत पर रिटेल में हरी मटर और फील्ड बीन्स मिल रही थीं. कैप्सिकम की आपूर्ति बढ़ी है, क्योंकि ये छत्तीसगढ़, कृष्णागिरी, कोलार और होसुर से आ रहे हैं. 30 किलो का बॉक्स थोक में 800 रुपये और रिटेल में 1 किलो 35 रुपये में बिक रहा है. राममोहन के अनुसार, सब्जियां खेत से दुकान तक चार दिन में पहुंचती हैं, इसलिए रिटेल में कीमत  कम रहती है, क्योंकि सब्जियां नाजुक हो जाती हैं और एक-दो दिन में खराब हो जाती हैं.

40 रुपये किलो डबल बीन्स

बाजार में तुवर की ताजी दाल 1 किलो 40 रुपये थोक में, डबल बीन्स 40 रुपये और बटर बीन्स 120 रुपये में बिक रही थी. शकरकंद थोक में 20 और रिटेल में 30 रुपये प्रति किलो था. इसी तरह प्रीमियम बीन्स थोक में 35 और रिटेल में 45 से 50 रुपये किलो बिक रही थीं.

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Published: 17 Jan, 2026 | 05:41 PM

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