Haryana News: हरियाणा के करनाल जिले में एक बड़ी खबर सामने आई है. अनाज मंडी में कथित फर्जी खरीद के मामले में एक मिलर एवं आढ़ती को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के अनुसार, कुछ सस्पेक्टेड मिलर फरार हो गए हैं और उनकी तलाश जारी है. मामला सिटी पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर से जुड़ा है. कई किसानों ने बयान दिए हैं कि उनके नाम पर भुगतान किया गया, जबकि उनका अनाज मंडी में नहीं आया. यह पैसा कथित रूप से मिलर और आढ़तियों को वापस लौटाया गया, जिससे फर्जी खरीद और नकली गेट पास के जरिए बड़े पैमाने पर अनाज घोटाले की आशंका जताई जा रही है.
ट्रैक्टर-ट्रेलर GPS डिवाइस से लैस नहीं थे
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार DSP राजीव कुमार ने कहा कि किसानों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और सबूतों के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार किया जा रहा है. गिरफ्तार मिलर देविंदर सिंह को अदालत में पेश किया गया, जिसने उन्हें एक दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया. SP नरेंद्र बिजारनिया ने कहा कि अब तक दर्ज छह एफआईआर की जांच की जा रही है.
वहीं, फिजिकल वेरिफिकेशन के दौरान पता चला कि कई क्विंटल धान जो आधिकारिक रिकॉर्ड में दिखाया गया था, वह मंडी में कभी आया ही नहीं. इस खुलासे के बाद करनाल राइस मिलर्स और डीलर्स एसोसिएशन ने GPS ट्रैकिंग से जुड़ी समस्याओं पर चिंता जताई. एसोसिएशन का कहना है कि कई बार धान उठाने वाले ट्रैक्टर-ट्रेलर GPS डिवाइस से लैस नहीं थे, इसलिए डेटा उपलब्ध नहीं हो पाया.
क्या कहते हैं एसोसिएशन के अध्यक्ष
रिपोर्ट के अनुसार एसोसिएशन के अध्यक्ष सौरभ गुप्ता ने कहा कि जिला मिलिंग कमेटी ने भारी धान आने के कारण इन ट्रैक्टर-ट्रेलरों को अनुमति दी थी. उन्होंने कहा कि एसोसिएशन जांच एजेंसियों के साथ सहयोग कर रही है, लेकिन कोई परेशान न किया जाए. जिला अध्यक्ष राज कुमार गुप्ता ने आरोप लगाया कि ऐसी ही समस्याएं अन्य जिलों में भी हैं, लेकिन कार्रवाई केवल करनाल में ही की जा रही है.
इन खातों में करीब 85 लाख रुपये जमा थे
वहीं, बीते नवंबर महीने में खबर सामने आई थी कि हरियाणा के करनाल में पुलिस ने कथित करोड़ों रुपये के धान खरीद घोटाले की जांच तेज कर दी है. असंध स्थित दो चावल मिलों के सात बैंक खातों को फ्रीज कर दिया गया था. पुलिस अधिकारियों के अनुसार इन खातों में करीब 85 लाख रुपये जमा थे, जिन्हें जांच के तहत जब्त कर लिया गया है. यह कदम तब उठाया गया जब असंध की दो चावल मिलों में स्टॉक की बड़ी गड़बड़ी पाई गई थी.