IMD Weather Update: देश के ज्यादातर हिस्सों में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय है. कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक कई राज्यों में कहीं हल्की तो कहीं मध्यम और भारी बारिश का दौर चल रहा है. मौसम विभाग के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने निम्न दबाव क्षेत्र का असर कई राज्यों में देखने को मिल रहा है. इसके चलते उत्तर भारत से लेकर दक्षिण और पूर्वोत्तर तक बारिश की गतिविधियां बढ़ी हैं. मौसम विभाग ने अगले 24 से 48 घंटे के दौरान कई राज्यों में भारी बारिश, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है. पहाड़ी इलाकों में बारिश के साथ भूस्खलन और अचानक बाढ़ का खतरा भी बना हुआ है.
दिल्ली-NCR में बारिश से जलभराव
दिल्ली-एनसीआर में पिछले दो दिनों से रुक-रुककर बारिश हो रही है. दिल्ली के साथ नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद के कई इलाकों में जलभराव की समस्या देखने को मिली है. मौसम विभाग के मुताबिक, 8 अगस्त को दिल्ली-एनसीआर में बादल छाए रहने और मध्यम बारिश की संभावना है. इसके लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है. तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है. आने वाले दिनों में भी बादलों की आवाजाही और हल्की बारिश जारी रहने की संभावना है.
राजस्थान में भारी बारिश का दौर
राजस्थान के कई हिस्सों में तेज बारिश के कारण जलभराव की स्थिति बनी हुई है. अगले कुछ घंटों में कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं. भरतपुर समेत कुछ इलाकों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है. भारी बारिश के कारण सड़कों पर पानी भरने और आवाजाही प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
उत्तराखंड में ऑरेंज अलर्ट
उत्तराखंड में मॉनसून की सक्रियता के कारण कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश का खतरा है. मौसम विभाग ने 9 अगस्त को बागेश्वर, पिथौरागढ़ और चमोली के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. वहीं 10 अगस्त को देहरादून, बागेश्वर, नैनीताल और चंपावत में भी भारी बारिश की चेतावनी है. इस दौरान आकाशीय बिजली और तेज बारिश की वजह से पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा बढ़ सकता है.
जम्मू-कश्मीर में फ्लैश फ्लड का खतरा
जम्मू-कश्मीर में भी पिछले कुछ दिनों से बारिश का दौर जारी है. 10 से 12 अगस्त के बीच कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. कठुआ, रामबन, पीर पंजाल और दक्षिण कश्मीर के शोपियां, अनंतनाग व पुलवामा जैसे इलाकों में बारिश की संभावना है. संवेदनशील क्षेत्रों में अचानक बाढ़, भूस्खलन और पहाड़ों से पत्थर गिरने का खतरा बना रह सकता है.
बंगाल से पूर्वोत्तर तक तेज बारिश
बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव के कारण पश्चिम बंगाल और आसपास के इलाकों में बारिश बढ़ने की संभावना है. दक्षिण 24 परगना, पूर्वी मिदनापुर और पश्चिमी मिदनापुर में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. कोलकाता, हावड़ा, हुगली, बांकुड़ा और झाड़ग्राम में भी कुछ जगहों पर भारी बारिश का अनुमान है. समुद्र में ऊंची लहरों और तेज हवाओं को देखते हुए मछुआरों को गहरे समुद्र में जाने से बचने की सलाह दी गई है. पूर्वोत्तर में अरुणाचल प्रदेश, असम, नागालैंड, सिक्किम और मेघालय के साथ ओडिशा, छत्तीसगढ़, झारखंड और मध्य प्रदेश में भी तेज बारिश की संभावना है.
दक्षिण भारत में भी भारी बारिश
दक्षिण भारत में केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में अगले 48 घंटे बारिश का दौर जारी रह सकता है. केरल के पथानामथिट्टा, अलाप्पुझा, कोट्टायम, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड में ऑरेंज अलर्ट है. केरल तट पर 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जो कुछ समय के लिए 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं. ऐसे में तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
कुल मिलाकर देश के कई हिस्सों में मॉनसून सक्रिय है. ऐसे में लोगों को मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर रखनी चाहिए और पहाड़ी, निचले व तटीय इलाकों में अनावश्यक यात्रा से बचना चाहिए.