अभी बो दें ये तरबूज, 60 दिन में फसल तैयार और बाजार में सबसे पहले होगी तगड़ी कमाई

अगेती तरबूज की खेती किसानों के लिए कम समय में ज्यादा कमाई का अवसर बन रही है. सही समय पर बुवाई करने से फसल गर्मी शुरू होते ही तैयार हो जाती है. इस दौरान बाजार में मांग ज्यादा और आवक कम रहती है, जिससे किसानों को बेहतर दाम मिलते हैं और आमदनी बढ़ती है लगातार.

Saurabh Sharma
नोएडा | Published: 1 Feb, 2026 | 10:22 PM

Water melon Farming : अगर किसान सही समय पर सही फसल बो दें, तो खेती घाटे का नहीं बल्कि कमाई का बड़ा जरिया बन सकती है. इन दिनों अगेती तरबूज की खेती किसानों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रही है. इसकी सबसे बड़ी वजह है कम समय में तैयार होने वाली फसल और बाजार में सबसे पहले पहुंचने का फायदा. जो किसान अभी तरबूज बो देते हैं, उनकी फसल गर्मी शुरू होते ही बाजार में आ जाती है, जब दाम सबसे ज्यादा मिलते हैं.

सर्दियों के अंत में बुवाई, गर्मी में सीधा फायदा

अगेती तरबूज की खेती  सर्दियों के आखिरी दौर में की जाती है. जनवरी के आखिर से फरवरी तक बुवाई करने पर फसल मार्च-अप्रैल में तैयार हो जाती है. इस समय बाजार में तरबूज की आवक बहुत कम होती है, लेकिन मांग तेजी से बढ़ने लगती है. ऐसे में किसानों को अपने तरबूज का दाम मनचाहा मिल जाता है. यही वजह है कि कम समय में यह खेती अच्छी आमदनी दे रही है.

खेत की तैयारी और सही तरीका है सफलता की कुंजी

अच्छी पैदावार के लिए खेत की तैयारी सबसे जरूरी है. बुवाई से पहले खेत में अच्छी तरह सड़ी गोबर की खाद और जैविक खाद मिलानी चाहिए. 2-3 बार जुताई करके मिट्टी को भुरभुरा बना लें, ताकि पौधों की जड़ें मजबूत हों. तरबूज के लिए बलुई-दोमट मिट्टी सबसे अच्छी मानी जाती है. जल निकास का ध्यान रखना बहुत जरूरी है, क्योंकि पानी भरने से पौधे खराब हो सकते  हैं. इसलिए मेड़ों पर बुवाई करना बेहतर रहता है. आजकल मल्चिंग का तरीका ज्यादा फायदेमंद साबित हो रहा है. इससे पानी की बचत होती है, खरपतवार नहीं उगते और फल साफ व मीठे बनते हैं. ड्रिप सिंचाई अपनाने से लागत भी कम होती है और उत्पादन भी बढ़ता है.

कम लागत, कम समय और जबरदस्त मुनाफा

अगेती तरबूज की खेती पर एक बीघा में करीब 18 से 20 हजार रुपये का खर्च आता है. अगर फसल की सही देखभाल की जाए और समय पर बाजार में बिक्री हो, तो 70 से 80 हजार रुपये तक का मुनाफा आराम से कमाया जा सकता है. फसल लगभग 60 दिनों में तैयार हो जाती है, यानी कम समय में पैसा हाथ में आ जाता है.

ये किस्में दिलाएंगी बंपर पैदावार

अगेती खेती के लिए कुछ उन्नत हाइब्रिड किस्में  काफी पसंद की जा रही हैं. ये किस्में 50–60 दिनों में तैयार हो जाती हैं, जिनका गूदा गहरा लाल और स्वाद काफी मीठा होता है. सही तकनीक अपनाने पर किसान प्रति एकड़ 20-25 टन तक उत्पादन ले सकते हैं. जो किसान समय से पहले तरबूज बो देते हैं, वही बाजार में सबसे पहले उतरते हैं और वही सबसे ज्यादा मुनाफा कमा पाते हैं. सही प्लानिंग और थोड़ी मेहनत से अगेती तरबूज खेती किसानों की आमदनी  बढ़ाने का शानदार जरिया बन सकती है.

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Published: 1 Feb, 2026 | 10:22 PM

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