PM Kisan e-KYC Update: खेती-किसानी के काम में कब पैसों की जरूरत पड़ जाए, कुछ कहा नहीं जा सकता. कभी खाद के लिए, कभी बीज के लिए तो कभी डीजल के लिए. ऐसे में सरकार की ओर से आने वाली पीएम किसान सम्मान निधि की किस्त किसानों के लिए किसी बड़े सहारे से कम नहीं होती. लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपके खाते में आने वाले ये 2,000 रुपये कहीं रुक भी सकते हैं? जी हां, सरकार ने अब ई-केवाईसी (e-KYC) को बिल्कुल जरूरी कर दिया है. अगर यह काम पूरा नहीं हुआ, तो अगली किस्त आपके खाते तक नहीं पहुंच पाएगी. घबराइए मत, यह कोई बहुत मुश्किल सरकारी कागजी कार्रवाई नहीं है. आप इसे अपने मोबाइल से घर बैठे चाय पीते-पीते भी पूरा कर सकते हैं.
क्या है ये ई-केवाईसी और क्यों है इतनी जरूरी?
आसान भाषा में कहें तो ई-केवाईसी का मतलब है अपनी पहचान को पक्का करना. सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि जो पैसा भेजा जा रहा है, वह सही और असली किसान के पास ही पहुंचे. कई बार गलत लोग भी योजना का फायदा उठाने की कोशिश करते हैं, जिसे रोकने के लिए यह डिजिटल वेरिफिकेशन जरूरी है. यह एक तरह का भरोसा है कि आप वही किसान हैं जिसका नाम कागजों में दर्ज है. अगर आप चाहते हैं कि आपकी 6,000 रुपये की सालाना मदद बिना किसी रुकावट के आती रहे, तो ई-केवाईसी कराना आपके लिए सबसे पहला काम होना चाहिए.
ओटीपी (OTP) से घर बैठे करें काम तमाम
अगर आपका मोबाइल नंबर आपके आधार कार्ड से जुड़ा हुआ है, तो आपको कहीं जाने की जरूरत नहीं है. बस पीएम किसान की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं और e-KYC वाले विकल्प पर क्लिक करें. वहां अपना आधार नंबर डालें, आपके फोन पर एक मैसेज (OTP) आएगा, उसे भरें और बस हो गया काम. यह तरीका उन किसान भाइयों के लिए सबसे बढ़िया है जो भाग-दौड़ से बचना चाहते हैं और अपने मोबाइल का इस्तेमाल जानते हैं.
मोबाइल ऐप से चेहरा दिखाकर कराएं वेरिफिकेशन
तकनीक अब इतनी आगे बढ़ गई है कि आपको अंगूठा लगाने की भी जरूरत नहीं. पीएम किसान के मोबाइल ऐप में फेस ऑथेंटिकेशन (Face Authentication) की सुविधा है. इसमें बस आपको अपना चेहरा मोबाइल के कैमरे के सामने लाना होता है और ऐप आपकी पहचान कर लेता है. यह सुविधा उन बुजुर्ग किसानों के लिए बहुत काम की है जिनके हाथों की रेखाएं घिस जाने के कारण अंगूठे का निशान (फिंगरप्रिंट) नहीं मिल पाता. स्मार्ट फोन चलाने वाले घर के बच्चे भी अपने माता-पिता या दादा-दादी की केवाईसी इस ऐप से मिनटों में कर सकते हैं.
इंटरनेट नहीं आता? तो नजदीकी सेंटर पर जाएं
अगर आपको मोबाइल चलाने में दिक्कत होती है या फोन आधार से लिंक नहीं है, तो भी चिंता की कोई बात नहीं. आप अपने गांव के पास वाले कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या ग्राहक सेवा केंद्र पर चले जाएं. वहां आप अपना आधार कार्ड ले जाएं और अपना अंगूठा लगाकर (बायोमेट्रिक) ई-केवाईसी करवा सकते हैं. ऑपरेटर बहुत कम समय में यह प्रक्रिया पूरी कर देगा. बस ध्यान रहे कि अपने साथ आधार कार्ड ले जाना न भूलें.
स्टेटस चेक करें और बेफिक्र हो जाएं
केवाईसी करने के बाद आप यह भी देख सकते हैं कि आपका काम पक्का हुआ या नहीं. 24 घंटे बाद पीएम किसान पोर्टल पर जाकर अपना स्टेटस चेक करें. अगर वहां सब सही दिख रहा है, तो समझ लीजिए कि अगली किस्त के 2,000 रुपये आपके खाते में आने के लिए तैयार हैं. सरकार का किसान मित्र एआई चैटबॉट भी आपकी मदद के लिए हमेशा तैयार रहता है, जिससे आप बोलकर भी सवाल पूछ सकते हैं.