Onion Farming: प्याज की खेती के लिए चुनें उन्नत किस्में, बुवाई से पहले रखें कुछ खास बातों का खयाल

प्याज एक ऐसी फसल है जिसकी खेती हर सीजन में की जा सकती है, बाजार में भारी मांग होने के कारण देशभर के किसान इसकी खेती बड़े पैमाने पर करते हैं. इसकी खेती करने वाले किसानों के लिए जरूरी है कि वे खेती से पहले इन 5 बातों का खास खयाल रखें.

अनामिका अस्थाना
नोएडा | Published: 11 Oct, 2025 | 06:00 AM

Onion Farming: रबी सीजन की शुरुआत होने के साथ ही देशभर कि किसान बड़े पैमाने पर प्याज की बुवाई की तैयारियों में जुट गए हैं, कई हिस्सों में किसान बुवाई कर भी चुके हैं. ऐसे में किसान अगर प्याजी की खेती के लिए इसकी उन्नत किस्मों का चुनाव करते हैं और वैज्ञानिक तरीका अपनाते हैं तो किसान कम लागत में ज्यादा उत्पादन ले सकते हैं. प्याज की खेती खरीफ, रबी और जायद तीनों ही मौसमों में की जा सकती है. लेकिन इसकी खेती से अच्छी पैदावार करने के लिए जरूरी है कि किसान इसकी बुवाई से पहले इन 5 बातों का ध्यान जरूर रखें ताकि फसल रोगों से सुरक्षित रहे और बाजार में किसानों को बेहतर दाम दिला सके.

1- सही मिट्टी का चुनाव

प्याज की खेती के लिए अच्छी जल निकासी वाली बलुई दोमट या दोमट मिट्टी सबसे सही मानी जाती है , जिसका pH मान 6.5 से 7.5 के बीच होना चाहिए. प्याज की खेती करने वाले किसानों के लिए जानना जरूर है कि इसके बीज ठंड़ी जलवायु में अंकुरण और गर्म जलवायु में बल्ब विकास बेहतर तरीके से करते हैं. खेती की तैयारी करते समय अच्छे से 2 से 3 बार खेत की गहराई में जोतना जरूरी है और पानी निलकने का सही इंतजाम जरूर करें ताकि, खेत में पानी न जमा है, क्योंकि जलभराव प्याज की फसल को नुकसान पहुंचाता है.

2-उन्नत किस्मों की खेती करें

प्याज की खेती करने का मन बना रहे किसानों के लिए जरूरी है कि मौसम को देखते हुए इसकी उन्नत किस्मों का चुनाव करें. इन उन्नत किस्मों में NHRDF Red-2, Agrifound Light Red, Pusa Red, N-53, Bhima Super आदि शामिल हैं. ये प्याज की कुछ उन्नत किस्में हैं जिनकी खेती करेन की सलाह खुद कृषि वैज्ञानिक देते हैं.

3- बीज बुवाई और खेत की तैयारी

रबी सीजन की बात करें तो प्याज की खेती के लिए अक्टूबर से नवंबर तक का समय बेस्ट होता है वहीं, इसकी प्रति हेक्टेयर फसल के लिए करीब 8 से 10 किलोग्राम बीजों की जरूरत होती है. किसानों को सलाह दी जाती है कि वे खेत की तैयार करते समय मिट्टी में 15 से 20 टन सड़ी हुई गोबर की खाद जरूर डालें और बीज बुवाई करने से पहले खेत में क्यारियां जरूर बनाएं ताकि, जल निकासी अच्छे से हो सके.

4- सिंचाई का रखें खास खयाल

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, प्याज की फसल को पहली सिंचाई की जरूरत फसल बुवाई के तुरंत बाद चाहिए होती है और इसके बाद मिट्टी के अनुसार, हर 8 से 10 दिन बाद पर सिंचाई करें. साथ ही फसल में खरपतवारों को नियंत्रित करने के लिए 25 से 30 दिन में निराई-गुड़ाई जरूर करें. बता दें कि, फसल को कीट और रोगों से बचाने के लिए सल्फर या ट्राइकोडर्मा का छिड़काव करना फायदेमंद होता है.

5- किसानों को कैसे होता है फायदा

किसान अगर प्याज की खेती के लिए उन्नत किस्में, जैविक खाद और सही सिंचाई प्रणाली को अपनाते हैं तो, वे इसकी प्रति हेक्टेयर फसल से 250 से 300 क्विंटल तक पैदावार ले सकते हैं. बता दें कि, बाजार में प्याज की औसत बाजार कीमत 10 रुपये से 20 रुपये प्रति किलोग्राम तक रहती है, जिससे किसानों को 2.5 से 3 लाख रुपये तक शुद्ध लाभ मिल सकता है.

Get Latest   Farming Tips ,  Crop Updates ,  Government Schemes ,  Agri News ,  Market Rates ,  Weather Alerts ,  Equipment Reviews and  Organic Farming News  only on KisanIndia.in

Published: 11 Oct, 2025 | 06:00 AM
ज्ञान का सम्मान क्विज

दूध उत्पादन में कौन सा राज्य सबसे आगे है?

सवाल का दीजिए सही जवाब और जीतिए ₹1000 का इनाम! 🏆
पिछले Quiz का सही जवाब
जायद सीजन.
विजेताओं के नाम
रजनीश जाट, नासिराबाद, अजमेर राजस्थान.

लेटेस्ट न्यूज़

Raisen Agricultural Fair Jitu Patwari Barred From Entry Shivraj Event Sparks Political Debate

रायसेन कृषि मेले में बवाल, जीतू पटवारी को एंट्री से रोका गया तो शिवराज के आयोजन पर गरमाई राजनीति

Aida Propose Ethanol Will Be Used As Cooking Gas To Remove Lpg Sent Letter To Center Govt Ethanol Alternative To Lpg

खाना पकाने के लिए LPG की जरूरत खत्म होगी.. कुकिंग गैस के रूप में इस्तेमाल होगा इथेनॉल? केंद्र को भेजी चिट्ठी

Supreme Court Msp Hearing Msp Received Under C2 Formula Agriculture News

C2 फॉर्मूला के तहत किसानों को मिलेगा MSP? सुप्रीम कोर्ट में हुई सुनवाई.. जानें CJI ने क्या कहा

Nitin Gadkari Big Message At Madhya Pradesh Raisen Agriculture Festival Seed Irrigation And Organic Farming Change Farmers Fortunes

रायसेन कृषि महोत्सव में नितिन गडकरी का बड़ा संदेश, स्मार्ट सिटी नहीं स्मार्ट विलेज से बदलेगी खेती और गांवों की तस्वीर

Wheat Procurement Bumper Arrival Wheat In 3 Markets Haryana

हरियाणा की इन तीन मंडियों में गेहूं की बंपर आवक, 7 लाख टन के पार पहुंचा आंकड़ा.. पर उठान में हो रही देरी

Madhya Pradesh Cm Mohan Yadav Mp Cabinet Approves 286 Crore Midwasa Project For Farmers

CM मोहन यादव का बड़ा ऐलान, 286 करोड़ की मिडवासा परियोजना समेत 19,810 करोड़ रुपये के विकास को मिली मंजूरी