Egg Production: मुर्गियां दे रही हैं कम अंडे? इन आसान तरीकों से बढ़ाएं उत्पादन और मुनाफा

डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग, बिहार सरकार के अनुसार मुर्गियों को 16 घंटे रोशनी, संतुलित दाना और कैल्शियम की सही मात्रा देना जरूरी है. फार्म में शांत माहौल और 24 घंटे साफ पानी उपलब्ध कराने से अंडा उत्पादन बढ़ाया जा सकता है. सही देखभाल से किसानों की कमाई भी बढ़ेगी.

Saurabh Sharma
नोएडा | Published: 3 Mar, 2026 | 11:32 PM

Poultry Farming:  गांव हो या शहर, पोल्ट्री फार्म अब कमाई का अच्छा जरिया बन चुका है. लेकिन कई बार मुर्गियां अचानक कम अंडे देने लगती हैं, जिससे किसानों की आमदनी पर असर पड़ता है. अगर आपके साथ भी ऐसा हो रहा है तो घबराने की जरूरत नहीं है. डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग, बिहार सरकार के अनुसार कुछ आसान बातों का ध्यान रखकर अंडे का उत्पादन बढ़ाया जा सकता है. सही रोशनी, संतुलित दाना और तनाव मुक्त माहौल से बड़ा फर्क पड़ता है. आइए जानते हैं आसान उपाय.

रोशनी का रखें खास ध्यान

मुर्गियों के अंडा  देने में रोशनी की बड़ी भूमिका होती है. विभाग के मुताबिक मुर्गियों को दिन और रात मिलाकर कुल 16 घंटे रोशनी मिलनी चाहिए. अगर रोशनी कम होगी तो अंडा उत्पादन घट सकता है. फार्म में हल्की लेकिन लगातार रोशनी रखें. अचानक तेज या बंद रोशनी से भी मुर्गियां परेशान हो सकती हैं. इसलिए रोशनी का समय तय रखें और नियमित रूप से पालन करें.

दाने में कैल्शियम और फॉस्फोरस जरूरी

अंडे का छिलका  मजबूत बनाने के लिए दाने में कैल्शियम और फॉस्फोरस की सही मात्रा होना बहुत जरूरी है. अगर दाने में इन पोषक तत्वों की कमी होगी तो अंडे का छिलका पतला हो सकता है या उत्पादन कम हो सकता है. विभाग सलाह देता है कि संतुलित फीड दें और जरूरत हो तो कैल्शियम सप्लीमेंट मिलाएं. अच्छा दाना ही अच्छी पैदावार की नींव है.

तनाव मुक्त माहौल बनाएं

मुर्गियां भी शोर और भीड़ से प्रभावित होती हैं. फार्म में ज्यादा शोर, अचानक आवाज या बार-बार छेड़छाड़ से वे तनाव में आ जाती हैं. इसका असर सीधे अंडा उत्पादन पर पड़ता है. इसलिए फार्म में शांत माहौल रखें. बाहर के लोगों की आवाजाही सीमित रखें और मुर्गियों को बार-बार डराएं नहीं. आरामदायक माहौल में वे ज्यादा और नियमित अंडे देती हैं.

ताजा पानी 24 घंटे उपलब्ध रखें

पानी की कमी से मुर्गियां कमजोर  हो सकती हैं और अंडा उत्पादन घट सकता है. विभाग के अनुसार फार्म में 24 घंटे साफ और ताजा पानी उपलब्ध होना चाहिए. गर्मी के मौसम में पानी जल्दी गर्म हो जाता है, इसलिए उसे समय-समय पर बदलें. पानी की टंकी और बर्तन की सफाई भी जरूरी है ताकि बीमारी का खतरा न बढ़े.

नियमित निगरानी और साफ-सफाई

फार्म की साफ-सफाई का सीधा असर उत्पादन  पर पड़ता है. गंदगी से बीमारी फैल सकती है, जिससे मुर्गियां अंडे देना कम कर देती हैं. हर दिन फार्म की जांच करें. अगर कोई मुर्गी सुस्त दिखे या कम खाए तो तुरंत ध्यान दें. समय पर देखभाल से नुकसान कम किया जा सकता है.

ज्यादा अंडे, ज्यादा मुनाफा

डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग, बिहार सरकार का कहना है कि पोल्ट्री फार्म  में छोटी-छोटी सावधानियां बड़ा फायदा दे सकती हैं. सही रोशनी, संतुलित दाना, साफ पानी और शांत माहौल से अंडा उत्पादन बढ़ाया जा सकता है. याद रखें, ज्यादा अंडे का मतलब ज्यादा कमाई. अगर किसान इन आसान उपायों को अपनाएं तो उनका मुनाफा बढ़ सकता है और फार्म की सेहत भी बेहतर रहेगी. नियमित देखभाल और सही जानकारी ही सफलता की कुंजी है.

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Published: 3 Mar, 2026 | 11:32 PM

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