-
सरकारी योजना का कमाल.. 17 हजार किसान बन गए मछली पालक, जानिए आप कैसे उठा सकते हैं लाभ?
उत्तराखण्ड सरकार की प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना से 17 हजार से ज्यादा लोग मछली पालन से जुड़कर रोजगार पा चुके हैं. इस योजना में तालाब निर्माण, बीज, चारा और उपकरणों पर सब्सिडी दी जाती है. इच्छुक किसान आवेदन कर इस योजना का लाभ उठाकर अच्छी कमाई शुरू कर सकते हैं.
-
अब छोटी मछलियों पर रोक, मछुआरों के लिए तय होगा मछली पकड़ने का न्यूनतम आकार
सिल्वर पोमफ्रेट की घटती संख्या को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने इसे राज्य मछली का दर्जा दिया है. इसके साथ ही प्रजनन क्षेत्रों में इस मछली की सुरक्षा के लिए इसका न्यूनतम कानूनी आकार 135 से 140 मिलीमीटर तय किया गया है. इससे यह सुनिश्चित होगा कि छोटी मछलियां पकड़ में न आएं.
-
UP Budget 2026: योगी सरकार ने कृषि योजनाओं के लिए दिया 10888 करोड़, दूध उत्पादन को भी मिलेगा बढ़ावा
दुग्ध विकास के अंतर्गत वित्त मंत्री ने बताया कि सहकारी क्षेत्र के तहत प्रदेश में 19 दुग्ध संघों के माध्यम से दुग्धशाला विकास कार्यक्रम चलाया जा रहा है. मथुरा में पहले 30 हजार लीटर क्षमता की नवीन डेयरी परियोजना प्रस्तावित की गयी थी, लेकिन इसे संशोधित करते हुये 1 लाख लीटर प्रतिदिन क्षमता के नवीन डेयरी प्लांट की स्थापना का प्रस्ताव है.
-
Fish Production: मछली उत्पादन में चीन को पीछे छोड़ेगा भारत, घरेलू मछली पालकों के लिए फ्रेमवर्क तैयार
India Fish Production: देश के मछली पालकों की वित्तीय जरूरत पूरी करने के लिए केंद्र ने कमर कस ली है. 4.76 लाख मछलीपालकों को किसान क्रेडिट कार्ड के जरिए 3 हजार करोड़ रुपये दिए गए. मछली उत्पादन दोगुने के पार पहुंचा अब चीन को पीछे करने की तैयारी.
-
केवल 4 महीने में तैयार हो जाती है पंगेशियस मछली, किसान कर रहे लाखों रुपये की कमाई
मछली पालन किसानों के लिए कम लागत में ज्यादा मुनाफा देने वाला व्यवसाय बन रहा है. खासकर पंगेशियस मछली तेजी से तैयार होती है और बाजार में इसकी मांग लगातार बनी रहती है. इस कारण किसान कम समय में अच्छी कमाई कर पा रहे हैं और आय बढ़ा रहे हैं.
-
आंध्र प्रदेश के झींगा उत्पादकों की बढ़ेगी कमाई, रेसिप्रोकल टैक्स कम होने से निर्यात में आएगी तेजी
अप्रैल 2025 से पहले, अमेरिका को झींगा निर्यात पर कुल 10 फीसदी टैक्स लगता था, जिसमें 3.76 फीसदी एंटी-डंपिंग ड्यूटी (ADD) और 5.77 फीसदी काउंटरवेलिंग ड्यूटी (CVD) शामिल थी. लेकिन ट्रम्प प्रशासन ने 25 फीसदी रेसिप्रोकल टैक्स लगाया, जिसे अगस्त 2025 में और 25 फीसदी बढ़ा दिया गया.








