छोटे पशुपालकों के लिए सरकार ने दूध खरीद नियम बदले, खरीद लिमिट और मूल्य भुगतान में इजाफा
दूध उत्पादकों के लिए नई व्यवस्था लागू की गई है, जिसके तहत खरीद प्रक्रिया में महत्वपूर्ण बदलाव किया गया है. इस फैसले का उद्देश्य अधिक से अधिक छोटे पशुपालकों को लाभ पहुंचाना और सहकारी प्रणाली से जोड़ना है. सरकार को उम्मीद है कि इससे ग्रामीण परिवारों की आय बढ़ेगी और दुग्ध व्यवसाय को मजबूती मिलेगी.
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU) के कुलपति प्रो. बीआर कंबोज ने कहा है कि किसानों के बीच DSR तकनीक काफी लोकप्रिय है, क्योंकि इसमें कम पानी की जरूरत पड़ती है. साथ ही मजदूरी, उर्वरक और खेत की पडलिंग पर होने वाला खर्च भी कम हो जाता है, जिससे खेती की लागत घटती है और किसानों को अधिक लाभ मिलता है.
वैज्ञानिकों ने विकसित की स्मार्ट सीड कोटिंग टेक्नोलॉजी, फसलों की पैदावार में 37 फीसदी उछाल का दावा
हैदराबाद के IIOR ने बायोपॉलीमर आधारित स्मार्ट सीड कोटिंग तकनीक विकसित की है, जिससे फसल उत्पादन में 12 फीसदी से 37 फीसदी तक वृद्धि देखी गई. ICAR के अनुसार यह तकनीक बीज की गुणवत्ता, अंकुरण और शुरुआती वृद्धि सुधारती है. इसे वर्षा आधारित खेती और विभिन्न फसलों के लिए उपयोगी माना गया है और इसका पेटेंट भी हो चुका है.
धान पर अल नीनो का संकट, किसान करें इन 5 फसलों की खेती.. कम पानी में होगी ज्यादा पैदावार
Paddy Alternatives: कमजोर मॉनसून और अल नीनो के खतरे के बीच धान जैसी ज्यादा पानी वाली फसलें किसानों के लिए जोखिम बढ़ा सकती हैं. ऐसे में रागी, बाजरा, ज्वार, कोदो और कुटकी जैसी फसलें कम पानी में अच्छी पैदावार और ज्यादा MSP देकर किसानों की कमाई बढ़ा सकती हैं.
ऑस्ट्रेलिया की डॉरपर-टेक्सेल से सुधरेगी देसी भेड़ों की नस्ल, कश्मीर पहुंचीं 900 भेड़ें.. बढ़ेगी किसानों की कमाई
जम्मू-कश्मीर सरकार ने मटन उत्पादन बढ़ाने के लिए ऑस्ट्रेलिया से 900 डॉरपर और टेक्सेल भेड़ें आयात की हैं. इन उच्च गुणवत्ता वाली नस्लों का उपयोग स्थानीय भेड़ों के साथ क्रॉस-ब्रीडिंग में किया जाएगा. इस पहल से मटन उत्पादन बढ़ेगा, किसानों की आय में सुधार होगा और बाहरी राज्यों से आने वाले मटन पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी.