सहकार से जुड़ें, कमाएं लाखों रुपये, जानिए Cooperative Society कैसे बनती है?
क्या आप अपनी खुद की सहकारी समिति (Cooperative Society) शुरू करना चाहते हैं? इस वीडियो में जानिए कि को-ऑपरेटिव क्या होता है, इसे कैसे शुरू किया जाता है, रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया क्या है, किन दस्तावेजों की जरूरत होती है और इससे किसानों, महिलाओं, युवाओं तथा ग्रामीण उद्यमियों को क्या लाभ मिल सकता है।
भारत से चावल के निर्यात भाव लगातार तीसरे सप्ताह बढ़े हैं. सरकार द्वारा OMSS के तहत रिजर्व कीमत बढ़ाने और कमजोर मॉनसून से धान की बुवाई धीमी रहने की आशंका ने कीमतों को सहारा दिया है. वहीं, बांग्लादेश में बाढ़, थाईलैंड में कमजोर मांग और वियतनाम में नई फसल की आवक से वैश्विक चावल बाजार पर भी असर दिख रहा है.
जीएम बीज के बिना दूसरे देश बेहतर दलहन पैदावार हासिल कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं?
GM Seeds : सरकार दलहन और तिलहन उत्पादन बढ़ाने पर जोर दे रही है और आईसीएआर को जीएम बीजों की उम्मीद लगाए रहने की बजाय दूसरे देशों से सबक लेने को कहा है. कहा गया है कि जीएम बीजों के बिना दूसरे देश ज्यादा उत्पादन हासिल कर सकते हैं तो हम क्यों नहीं.
जीएम बीज के बिना दूसरे देश बेहतर दलहन पैदावार हासिल कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं?
GM Seeds : सरकार दलहन और तिलहन उत्पादन बढ़ाने पर जोर दे रही है और आईसीएआर को जीएम बीजों की उम्मीद लगाए रहने की बजाय दूसरे देशों से सबक लेने को कहा है. कहा गया है कि जीएम बीजों के बिना दूसरे देश ज्यादा उत्पादन हासिल कर सकते हैं तो हम क्यों नहीं.
सामान्य बकरियों से क्यों अलग होती हैं हिमालयी बकरियां? विशेषज्ञ ने बताए सेहत और सुंदरता के राज
हिमालयी बकरियां अपने रेशमी बाल, मजबूत शरीर और बेहतरीन फुर्ती के लिए प्रसिद्ध हैं. उनकी सेहत और आकर्षक बनावट के पीछे प्राकृतिक आहार, ठंडी जलवायु, नियमित चराई और आनुवंशिक गुणों की अहम भूमिका होती है. ऐसे में आइए जानते हैं कि इसकी खास वजहें क्या हैं.