त्योहारी सीजन से पहले चीनी के दाम में उछाल, थोक कीमत 4000 रुपये प्रति टन बढ़ी
महाराष्ट्र में एक महीने में चीनी के दाम 4,000 रुपये प्रति मीट्रिक टन बढ़ गए हैं. कम बारिश, अल नीनो की आशंका और सीमित आपूर्ति के कारण कीमतों में तेजी आई है. उद्योग का अनुमान है कि मौजूदा भाव बने रहने पर चीनी मिलों को अगले सीजन में 11,000 करोड़ रुपये तक की अतिरिक्त कमाई हो सकती है.
Agriculture News in Hindi: उत्तर प्रदेश में आज से मॉनसून के और सक्रिय होने का अनुमान है. मौसम विभाग के मुताबिक अगले 4 दिनों में राज्य के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश की संभावना है. इससे अधिकतम तापमान में गिरावट के साथ लोगों को उमस से राहत मिलेगी. आज दिनभर की कृषि समाचार (Krashi Samachar) अपडेट्स आपको यहां मिलेंगे.
जीएम बीज के बिना दूसरे देश बेहतर दलहन पैदावार हासिल कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं?
GM Seeds : सरकार दलहन और तिलहन उत्पादन बढ़ाने पर जोर दे रही है और आईसीएआर को जीएम बीजों की उम्मीद लगाए रहने की बजाय दूसरे देशों से सबक लेने को कहा है. कहा गया है कि जीएम बीजों के बिना दूसरे देश ज्यादा उत्पादन हासिल कर सकते हैं तो हम क्यों नहीं.
जम्मू-कश्मीर में 83 फीसदी कम बारिश ने बढ़ाई किसानों की चिंता, सेब और धान की फसल पर मंडराया खतरा
Apple Farmers Kashmir: जम्मू-कश्मीर में सामान्य से काफी कम बारिश होने के कारण सेब के बाग और धान की फसल संकट में आ गई है. शोपियां, कुलगाम, श्रीनगर और बडगाम जैसे जिलों में बारिश की भारी कमी दर्ज की गई है, जिससे सेब की क्वालिटी प्रभावित होने और धान के खेत सूखने लगे हैं.
सामान्य बकरियों से क्यों अलग होती हैं हिमालयी बकरियां? विशेषज्ञ ने बताए सेहत और सुंदरता के राज
हिमालयी बकरियां अपने रेशमी बाल, मजबूत शरीर और बेहतरीन फुर्ती के लिए प्रसिद्ध हैं. उनकी सेहत और आकर्षक बनावट के पीछे प्राकृतिक आहार, ठंडी जलवायु, नियमित चराई और आनुवंशिक गुणों की अहम भूमिका होती है. ऐसे में आइए जानते हैं कि इसकी खास वजहें क्या हैं.