6 साल से किसानों का 19 लाख रुपये मुआवजा दबाए बैठा है एसबीआई, 22 गांवों के किसानों का हंगामा-नारेबाजी
किसान नेता लखविंदर सिंह औलख ने बताया कि खरीफ सीजन 2023 और 2025 के लंबित बीमा क्लेम अभी तक जारी नहीं किए गए हैं. कई गांवों के किसानों का बीमा क्लेम क्रॉप कटिंग के नाम पर रोका गया है. कई बैंकों में बीमा भुगतान अटका है और किसानों के खाते में राशि नहीं भेजी जा रही है.
खाद सप्लाई को लेकर बड़ा फैसला, केंद्र सरकार ने खाद के कच्चे माल पर आयात शुल्क हटाया
Fertilizer subsidy: केंद्र सरकार ने खरीफ सीजन से पहले किसानों को बड़ी राहत दी है. खाद के कच्चे माल और मुख्य रसायनों पर आयात शुल्क हटाने से उर्वरक कंपनियों की लागत कम होगी. इससे सप्लाई मजबूत रहेगी और पश्चिम एशिया संकट के बीच भी किसानों को सस्ती, पर्याप्त और समय पर खाद आसानी से मिल सकेगी.
UP Police Recruitment: उत्तर प्रदेश में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है. योगी सरकार ने 2026-27 में यूपी पुलिस में 81 हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती का ऐलान किया है. इसमें कांस्टेबल, दरोगा, कंप्यूटर और रेडियो जैसे कई पद शामिल हैं. भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी और तकनीक आधारित होगी, जिससे युवाओं का भरोसा बढ़ेगा.
Solar Trap Machine: फसल को कीटों से बचाएगी ICAR की नई तकनीक, सोलर एनर्जी से चलती है ये मशीन
Solar Insect Trap: ICAR का नया सौर ऊर्जा आधारित यूनिवर्सल कीट ट्रैप किसानों के लिए बड़ी राहत बन सकता है. यह बिना रसायन दिन-रात कीटों को पकड़कर फसल और अनाज भंडारण को सुरक्षित रखेगा. एक ही ट्रैप में कई तकनीक होने से कीटनाशक खर्च कम होगा, पर्यावरण सुरक्षित रहेगा और फसल की गुणवत्ता बेहतर बनी रहेगी.
बेमौसम बारिश से गेहूं, जौ, चना, सरसों की फसल चौपट, किसानों ने मुआवजे को लेकर किया प्रदर्शन
प्रदर्शन कर रहे किसानों ने मुआवजे की मांग करने के साथ-साथ मंडियों में फसल बिक्री पर नई पाबंदियों का भी विरोध किया. हिसार में ऑल इंडिया किसान सभा के बैनर तले किसानों ने मिनी सचिवालय पर प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा और 31 मार्च को खराब मौसम से हुई फसल खराबी का तुरंत मुआवजा देने की मांग की.
बकरी पालकों के लिए अलर्ट, आहार और टीकाकरण की छोटी चूक से हो सकता है बड़ा नुकसान
बकरी पालन में सिर्फ संख्या बढ़ाना ही मुनाफे की गारंटी नहीं है. सही नस्ल, पौष्टिक आहार, समय पर टीकाकरण और साफ बाड़ा ही बेहतर उत्पादन की कुंजी है. छोटी लापरवाही से मेमनों की मौत और नुकसान बढ़ सकता है. सही प्रबंधन अपनाकर पशुपालक कम लागत में ज्यादा कमाई और स्वस्थ पशु पा सकते हैं.