कोऑपरेटिव सोसाइटी कैसे बनाएं? IFFCO चेयरमैन दिलीप संघाणी ने बताया A टू Z प्रोसेस

कोऑपरेटिव सोसाइटी कैसे बनाएं? IFFCO चेयरमैन दिलीप संघाणी ने बताया A टू Z प्रोसेस

कोऑपरेटिव सोसाइटी आज किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए विकास का बड़ा माध्यम बन रही है. IFFCO चेयरमैन दिलीप संघाणी ने सहकारी संस्था बनाने की पूरी प्रक्रिया बताई है. जानिए कैसे सदस्य जुड़ते हैं, रजिस्ट्रेशन होता है और किस तरह सामूहिक प्रयासों से आय व रोजगार के नए अवसर मिलते हैं.

UP में हर जिले में लगेंगे 1000 से ज्यादा मिनी बायोगैस प्लांट, गोबर से बनेगी गैस और खाद

UP Biogas Plant Scheme: उत्तर प्रदेश सरकार हर जिले में 1,000 से ज्यादा मिनी बायोगैस प्लांट लगाने की योजना बना रही है. इस योजना के तहत गोबर से बायोगैस, बायो-सीएनजी और जैविक खाद तैयार की जाएगी. आईआईटी दिल्ली तकनीकी सहयोग देगा और ग्रामीण युवाओं को प्लांट संचालन का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा.

गन्ना और संतरे की खेती में एआई का इस्तेमाल कर रहे किसान, कीट रोकथाम और उत्पादन बढ़ाने में कामयाबी

गन्ना और संतरे की खेती में एआई का इस्तेमाल कर रहे किसान, कीट रोकथाम और उत्पादन बढ़ाने में कामयाबी

AI Use in Agriculture: एआई से किसानों को मौसम का सटीक पूर्वानुमान, फसलों में रोग और कीटों की समय रहते पहचान, मिट्टी का विश्लेषण, सिंचाई और उर्वरकों का सही प्रबंधन, उत्पादन का अनुमान तथा बाजार भाव की जानकारी आसानी से मिल रही है.

सीताफल के बीज से बनाया जैविक नैनो कीटनाशक, स्टोर में रखे अनाज को कीटों से बचाने में कारगर
जीएम बीज के बिना दूसरे देश बेहतर दलहन पैदावार हासिल कर सकते हैं, तो हम क्यों नहीं?
जंगली हाथियों के हमले से बचाएगा इनोबॉक्स, झारखंड के 12वीं छात्र ने बनाया खास एआई उपकरण
एक पेड़ में 42 किस्म के आम लगाने में सफलता मिली, वैज्ञानिकों ने दूसरे पौधों पर शोध शुरू किया
गन्ना और संतरे की खेती में एआई का इस्तेमाल कर रहे किसान, कीट रोकथाम और उत्पादन बढ़ाने में कामयाबी

गन्ना और संतरे की खेती में एआई का इस्तेमाल कर रहे किसान, कीट रोकथाम और उत्पादन बढ़ाने में कामयाबी

AI Use in Agriculture: एआई से किसानों को मौसम का सटीक पूर्वानुमान, फसलों में रोग और कीटों की समय रहते पहचान, मिट्टी का विश्लेषण, सिंचाई और उर्वरकों का सही प्रबंधन, उत्पादन का अनुमान तथा बाजार भाव की जानकारी आसानी से मिल रही है.

सरसों ने तोड़े 10 साल के रिकॉर्ड! अभी बेचें या रुकें? किसानों के लिए करोड़ों का सवाल
सेब बागानों में तेजी से फैल रही अल्टरनेरिया बीमारी, समय से पहले झड़ रहीं पत्तियां.. फसल को नुकसान
पंजाब में बढ़ी धान की खेती, यूरिया का बहुत अधिक इस्तेमाल.. वैज्ञानिकों ने किसानों को किया अलर्ट
किसानों के लिए बड़ा मौका! ड्रिप सिंचाई और पोर्टेबल स्प्रेयर पर 90 फीसदी सब्सिडी, अभी करें आवेदन
कम लागत में शुरू करें फिश फार्मिंग, मॉनसून में तेजी से बढ़ेंगी मछलियां.. 6 लाख तक होगी कमाई

कम लागत में शुरू करें फिश फार्मिंग, मॉनसून में तेजी से बढ़ेंगी मछलियां.. 6 लाख तक होगी कमाई

मॉनसून का मौसम मछली पालन शुरू करने के लिए सबसे अनुकूल माना जाता है. पर्याप्त पानी, तेज बढ़वार और सरकारी सब्सिडी के कारण यह व्यवसाय किसानों और युवाओं के लिए बेहतर कमाई का अवसर बन सकता है. सही प्रबंधन अपनाकर कम लागत में अच्छी आय हासिल की जा सकती है.