यूरिया घोटाला.. 266 वाली बोरी 1647 रुपये में बेचा जा रहा, ग्रेडिंग बदलकर खपाई जा रही नकली खाद

यूरिया घोटाला.. 266 वाली बोरी 1647 रुपये में बेचा जा रहा, ग्रेडिंग बदलकर खपाई जा रही नकली खाद

Urea Scam Haryana : यूरिया की ग्रेडिंग बदलकर बड़ा घोटाला किया जा रहा है. दिल्ली की फर्म ने हरियाणा की सहकारी संस्था हैफेड के कर्मचारियों से मिलीभगत करके कृषि में इस्तेमाल की जाने वाली यूरिया को औद्योगिक इस्तेमाल के लिए बेचते पकड़े गए हैं.

लैंड पूलिंग पॉलिसी के विरोध में सड़क पर उतरे हजारों किसान, राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी

Farmers Protest in Punjab: किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें किसानों को बर्बाद करने पर तुली हैं. भारत अमेरिकी समझौते पर कहा कि सरकार किसानों से बात किए बिना समझौता कर रही है, जिससे अमेरिकी कृषि उत्पादों के लिए भारतीय बाजार डंपिंग ग्राउंड बन जाएगा, लेकिन हम ऐसा होने नहीं देंगे.

कृषि वैज्ञानिकों ने बनाया एक नया AI सिस्टम, अब पत्तियों से मिलेगी फसल बीमारी की पूरी जानकारी

कृषि वैज्ञानिकों ने बनाया एक नया AI सिस्टम, अब पत्तियों से मिलेगी फसल बीमारी की पूरी जानकारी

हैदराबाद के शोधकर्ताओं ने खेती के क्षेत्र में नई तकनीक विकसित की है. AI आधारित यह सिस्टम पौधों की पत्तियों से बीमारी की पहचान कर सकता है. 20 हजार से अधिक तस्वीरों से तैयार यह मॉडल किसानों को समय पर फसल बचाने में मदद करेगा. इस तकनीक को पेटेंट भी मिल चुका है.

आम-केला हो जाते हैं मीठे, फिर नींबू क्यों रह जाता है खट्टा? वैज्ञानिक ने खोला बड़ा राज
अब किसानों को नहीं करनी पड़ेगी मशक्कत, ड्रोन तकनीक से मिनटों में होगा पूरे खेत का कीटनाशक छिड़काव
सब्जियां बेचकर 8 लाख कमा रहे किसान नरेश भट्ट, लहसुन-मिर्च की मॉडर्न फार्मिंग से बढ़ी कमाई
आम की गुठली से तैयार होगा बटर ऑयल और दवा, बिहार के कृषि वैज्ञानिकों ने निकाला नया फॉर्मूला
कृषि वैज्ञानिकों ने बनाया एक नया AI सिस्टम, अब पत्तियों से मिलेगी फसल बीमारी की पूरी जानकारी

कृषि वैज्ञानिकों ने बनाया एक नया AI सिस्टम, अब पत्तियों से मिलेगी फसल बीमारी की पूरी जानकारी

हैदराबाद के शोधकर्ताओं ने खेती के क्षेत्र में नई तकनीक विकसित की है. AI आधारित यह सिस्टम पौधों की पत्तियों से बीमारी की पहचान कर सकता है. 20 हजार से अधिक तस्वीरों से तैयार यह मॉडल किसानों को समय पर फसल बचाने में मदद करेगा. इस तकनीक को पेटेंट भी मिल चुका है.

मालदा क्लीन प्लांट से सीड हब तक, कृषि में बड़े बदलाव की तैयारी में पश्चिम बंगाल
अफसरों की मिलीभगत से यूरिया घोटाला, आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर भड़के किसान
अब खेतों को मिलेगा भरपूर पानी, 152 करोड़ की सिंचाई परियोजना की शुरुआत.. CM ने किया ऐलान
खरीफ बुवाई में आई तेजी, धान ने दी राहत… दलहन-तिलहन ने बढ़ाई सरकार की टेंशन
कम लागत में बढ़ाएं दूध उत्पादन! सूडान चरी की एक बुवाई से कई बार मिलेगा पौष्टिक हरा चारा

कम लागत में बढ़ाएं दूध उत्पादन! सूडान चरी की एक बुवाई से कई बार मिलेगा पौष्टिक हरा चारा

पशुपालकों के लिए सूडान चरी कम लागत में अधिक फायदा देने वाला हरा चारा माना जाता है. इसकी एक बार बुवाई करने पर लगभग 25 दिन के अंतराल में कई बार कटाई की जा सकती है. विशेषज्ञों के अनुसार, भूसे के साथ संतुलित मात्रा में खिलाने से पशुओं की सेहत बेहतर रहती है और दूध उत्पादन बढ़ाने में मदद मिलती है.